होली पर्व में दूसरे राज्यों से घर लौटने वाले 0 से 5 वर्ष तक के बच्चों को पिलाई जाएगी पोलियो की दवा

Chhapra: रंगोत्सव जैसे त्योहार के दौरान दूसरे राज्यों से घर लौटने वाले बच्चों को पोलियो की दवा पिलाने के लिए जिलाधिकारी अमन समीर के दिशा निर्देश और सिविल सर्जन डॉ सागर दुलाल सिन्हा के मार्ग दर्शन में विशेष रूप से पोलियो का अभियान संचालित किया जाएगा।

उक्त बातें जिला प्रतिरक्षण पदाधिकारी डॉ चंदेश्वर सिंह ने कही। जिसको लेकर शहरी क्षेत्र के रेलवे स्टेशन और बस स्टेंड में प्रवेश करने और निकास द्वार पर आगामी 24 से 29 मार्च तक ट्रांजिट दल को प्रतिनियुक्त किया जाएगा। ताकि ट्रांजिट दल के माध्यम से 0 से 5 साल आयु वर्ग के सभी बच्चों को पोलियो रोधी दवा का सेवन कराया जाए। हालांकि इसको लेकर राज्य स्वास्थ्य समिति के अपर निदेशक के माध्यम से जिलाधिकारी को विशेष रूप से आवश्यक दिशा- निर्देश दिया गया है ।

जिलाधिकारी के दिशा निर्देश में चलाया जाएगा पोलियो का विशेष अभियान: सिविल सर्जन
सिविल सर्जन डॉ सागर दुलाल सिन्हा ने बताया कि शहरी क्षेत्र के रेलवे जंक्शन, कचहरी स्टेशन और बस स्टैंड के प्रवेश एवं निकास द्वार सहित रेलवे स्टेशन के सभी प्लेटफार्म पर दो सदस्यीय टीम बहाल करने को लेकर जिलाधिकारी अमन समीर के दिशा निर्देश में जिला प्रतिरक्षण पदाधिकारी को अनिवार्य रूप से ट्रांजिट टीम गठन करने के लिए निर्देशित किया गया है। जहां पर आने वाले अभिभावकों के साथ बच्चों को पोलियो की खुराक पिलाई जाएगी। इस विशेष अभियान के दौरान एक भी बच्चा छूटे नहीं इसका विशेष रूप से ध्यान रखा जाना चाहिए। इसके लिए प्रशिक्षित स्वास्थ्यकर्मियों सहित टीम के अन्य कर्मियों को सख्त हिदायत दी गई है। साथ ही पल्स इसके पर्यवेक्षण से संबंधित एमओआईसी, बीएचएम, बीसीएम के अलावा डब्ल्यूएचओ के एसएमओ डॉ रंजितेश, यूनिसेफ की एसएमसी आरती त्रिपाठी और यूएनडीपी के वीसीसीएम अंशुमान पांडेय को भी आवश्यक दिशा निर्देश दिया गया है।

इंडिया इक्सपर्ट एडवाइजरी ग्रुप की अनुशंसा पर होली त्योहार के दौरान बच्चों को पिलाई जाएगी पोलियों रोधी खुराक: डीआईओ
जिला प्रतिरक्षण पदाधिकारी डॉ चंदेश्वर सिंह ने बताया कि बिहार को 13 वर्ष पूर्व ही पोलियो मुक्त किया जा चुका है। लेकिन विगत वर्ष 2023 में पड़ोसी देश पाकिस्तान व अफगानिस्तान सहित दूसरे अन्य देशों में पोलियो संक्रमण का मामला सामने आ चुका है। इसके अलावा अफ्रीकी देश मोजांबिक भी अभी तक पोलियो से प्रभावित है।दुनिया में अगर कहीं भी पोलियो संक्रमण का मामला सामने आता है। तो अपने देश में इसके प्रसार की संभावना प्रबल हो जाती है। जिस कारण होली के दौरान बड़ी संख्या में दूसरे राज्यों या पड़ोसी देशों में रह कर गुजर बसर करने वाले प्रवासी अपने घर वापस लौटते हैं। लिहाज़ा जिले में पोलियो के प्रसार की संभावना रहती है। इंडिया इक्सपर्ट एडवाइजरी ग्रुप की अनुशंसा पर होली त्योहार के दौरान बहार से आने वाले 0 से 5 साल तक के सभी बच्चों को पोलियो की दवा पिलाने के लिए जिले में विशेष अभियान संचालित किया जाएगा।

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