Chhapra: जिलाधिकारी वैभव श्रीवास्तव ने अनुमंडल पदाधिकारी, सदर, उप समाहर्ता (भूमि सुधार), सदर, जिला कला एवं संस्कृति पदाधिकारी, प्रखंड विकास पदाधिकारी/अंचलाधिकारी, सदर तथा थानाध्यक्ष, डोरीगंज के साथ चिरांद स्थित ऐतिहासिक पुरातात्विक स्थल का स्थलीय निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान स्थल की वर्तमान स्थिति, भूमि अभिलेख एवं संरक्षण संबंधी पहलुओं की समीक्षा की गई।
जिलाधिकारी ने संबंधित पदाधिकारियों को निर्देश दिया कि पुरातात्विक स्थल से संबंधित सम्पूर्ण भूमि की अविलंब मापी कराकर विधिवत सीमांकन सुनिश्चित किया जाए, ताकि इस ऐतिहासिक धरोहर की सुरक्षा एवं संरक्षण प्रभावी ढंग से किया जा सके। उन्होंने स्पष्ट किया कि सीमांकन की प्रक्रिया में किसी प्रकार की शिथिलता नहीं बरती जाए और निर्धारित समय-सीमा में कार्य पूर्ण किया जाए।
इसके अतिरिक्त, जिलाधिकारी ने स्थल को भव्य एवं आकर्षक रूप से विकसित करने के उद्देश्य से विस्तृत प्रस्ताव तैयार कर संबंधित विभाग को भेजने का निर्देश दिया। प्रस्ताव में आधारभूत सुविधाओं के विकास, संरचनात्मक संरक्षण, पर्यटक सुविधा एवं सांस्कृतिक महत्व के अनुरूप समुचित व्यवस्थाओं को शामिल करने पर बल दिया गया।
जिला प्रशासन ने बताया कि चिरांद का पुरातात्विक महत्व राष्ट्रीय स्तर पर स्थापित है, ऐसे में इसके संरक्षण एवं विकास को प्राथमिकता के आधार पर आगे बढ़ाया जाएगा।








