Chhapra: सारण के जिलाधिकारी वैभव श्रीवास्तव ने सोमवार को जलालपुर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) का निरीक्षण कर टीबी मुक्त भारत अभियान के तहत चल रहे 100 दिवसीय विशेष स्क्रीनिंग अभियान की प्रगति की समीक्षा की। इस दौरान उन्होंने टीबी स्क्रीनिंग काउंटर एवं स्क्रीनिंग पंजी का निरीक्षण कर अधिकारियों से अभियान की विस्तृत जानकारी ली।
निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि ईंट-भट्ठों, महादलित टोलों एवं अन्य संवेदनशील क्षेत्रों में विशेष अभियान चलाकर अधिक से अधिक लोगों की टीबी जांच सुनिश्चित की जाए, ताकि संभावित मरीजों की समय पर पहचान कर उपचार शुरू किया जा सके।
समीक्षा बैठक में बताया गया कि 6 जुलाई को पूरे सारण जिले में लगभग 20 हजार लोगों की टीबी स्क्रीनिंग की गई, जबकि जलालपुर प्रखंड में एक दिन में 1,255 लोगों की जांच की गई। वहीं प्रखंड में अब तक कुल 3,195 लोगों की स्क्रीनिंग पूरी हो चुकी है।
जिलाधिकारी ने एक्स-रे जांच की प्रगति की भी समीक्षा की। अधिकारियों ने बताया कि जलालपुर सीएचसी में रविवार को 17 एक्स-रे किए गए। इस पर डीएम ने निर्देश दिया कि महादलित टोलों एवं ईंट-भट्ठों से संदिग्ध मरीजों को एम्बुलेंस के माध्यम से स्वास्थ्य केंद्र लाकर प्रतिदिन कम-से-कम 50 एक्स-रे कराए जाएं।
निरीक्षण के बाद जिलाधिकारी ने स्थानीय जनप्रतिनिधियों, मीडिया प्रतिनिधियों एवं संबंधित अधिकारियों के साथ बैठक कर अभियान की रणनीति पर चर्चा की। उन्होंने प्रखंड प्रमुख, उप प्रमुख एवं मुखिया प्रतिनिधियों से अपने-अपने क्षेत्रों में लोगों को टीबी जांच के लिए प्रेरित करने और अभियान को जनभागीदारी का स्वरूप देने की अपील की।
उन्होंने कहा कि जीविका दीदियां, विकास मित्र, आंगनबाड़ी सेविकाएं, आशा कार्यकर्ता तथा अन्य जमीनी स्तर के कर्मी स्वास्थ्य विभाग के साथ समन्वय स्थापित कर घर-घर जाकर अधिक से अधिक लोगों की स्क्रीनिंग सुनिश्चित करें। उन्होंने कहा कि समय पर जांच और उपचार से टीबी पर प्रभावी नियंत्रण संभव है।
बैठक में बताया गया कि जिन लोगों में टीबी की पुष्टि होगी, उन्हें तत्काल निःशुल्क दवा एवं समुचित उपचार उपलब्ध कराया जाएगा। साथ ही ‘नि:क्षय मित्र’ पहल के तहत टीबी मरीजों को पूरक पोषण उपलब्ध कराने के लिए समाज के विभिन्न वर्गों से सहयोग की अपील की गई।
जिलाधिकारी श्री वैभव श्रीवास्तव ने स्वयं 5 टीबी मरीजों को नि:क्षय मित्र के रूप में गोद लिया है, जबकि सिविल सर्जन ने भी 5 मरीजों को गोद लिया है। जिलाधिकारी ने जनप्रतिनिधियों, सामाजिक संगठनों, स्वयंसेवी संस्थाओं, उद्योगपतियों एवं आम नागरिकों से अधिक से अधिक संख्या में टीबी मरीजों को नि:क्षय मित्र के रूप में अपनाने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि इस पुनीत कार्य में योगदान देने वाले नि:क्षय मित्रों को स्वतंत्रता दिवस समारोह के अवसर पर जिला स्तर पर सम्मानित किया जाएगा।
निरीक्षण एवं समीक्षा बैठक में प्रखंड प्रमुख, उप प्रमुख, जलालपुर प्रखंड के वरीय प्रभारी सह जिला परिवहन पदाधिकारी, जिला कार्यक्रम प्रबंधक (स्वास्थ्य), प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी, प्रखंड विकास पदाधिकारी, अंचलाधिकारी, स्थानीय मुखिया, स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी-कर्मी, जनप्रतिनिधि तथा मीडिया प्रतिनिधि उपस्थित रहे।



















