प्रशासन ने कहा- उपद्रवियों की होगी पहचान, दर्ज होगी एफआईआर; शहर में स्थिति नियंत्रण में, भारी पुलिस बल तैनात
छपरा: नीट पेपर लीक के विरोध में शनिवार को निकाले गए प्रदर्शन के दौरान शहर में उस समय तनाव की स्थिति उत्पन्न हो गई, जब प्रदर्शन में शामिल कुछ असामाजिक तत्वों ने अचानक पथराव और आगजनी शुरू कर दी। घटना के बाद पूरे शहर में अफरा-तफरी का माहौल बन गया। हालांकि पुलिस और प्रशासन की त्वरित कार्रवाई से स्थिति पर जल्द ही नियंत्रण पा लिया गया।
प्रदर्शनकारियों ने शहर में मार्च निकाला। इसके बाद सांढा ओवरब्रिज, थाना चौक और नगरपालिका चौक समेत विभिन्न स्थानों पर छोटे-छोटे समूहों में प्रदर्शन शुरू हुआ। इसी दौरान भीड़ में शामिल कुछ उपद्रवियों ने अचानक पथराव शुरू कर दिया, जिससे स्थिति तनावपूर्ण हो गई।
घटना की सूचना मिलते ही जिलाधिकारी वैभव श्रीवास्तव और वरीय पुलिस अधीक्षक विनीत कुमार मौके पर पहुंचे तथा प्रदर्शनकारियों को शांतिपूर्ण ढंग से अपनी बात रखने की अपील की। प्रशासन के अनुसार, प्रदर्शन से पूर्व आयोजकों के साथ बैठक कर शांतिपूर्ण प्रदर्शन सुनिश्चित करने पर सहमति बनी थी और आयोजकों ने शांति व्यवस्था बनाए रखने का आश्वासन भी दिया था। इसके बावजूद कुछ असामाजिक तत्वों ने माहौल बिगाड़ने का प्रयास किया।
प्रशासन के अनुसार थाना चौक के समीप उपद्रवियों ने अचानक पथराव शुरू कर दिया। इसी दौरान नगरपालिका चौक की ओर से आ रही पुलिस की एक गाड़ी पर हमला कर उसे आग के हवाले कर दिया गया। इसके बाद पुलिस ने कार्रवाई करते हुए उपद्रवियों को खदेड़ा तथा गली-मोहल्लों में छिपे असामाजिक तत्वों को तितर-बितर कर स्थिति को नियंत्रित किया।
30 से 35 संदिग्ध हिरासत में
जिलाधिकारी वैभव श्रीवास्तव ने बताया कि पूरी घटना की वीडियोग्राफी कराई गई है। अब तक 30 से 35 संदिग्धों को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है। उन्होंने कहा कि सभी उपद्रवियों की पहचान कर उनके विरुद्ध प्राथमिकी दर्ज की जाएगी तथा कानून के अनुसार सख्त कार्रवाई की जाएगी।
शहर की स्थिति पूरी तरह नियंत्रण में
उन्होंने बताया कि वर्तमान में शहर की स्थिति पूरी तरह नियंत्रण में है। सभी संवेदनशील इलाकों में अतिरिक्त पुलिस बल की तैनाती कर गश्त बढ़ा दी गई है। जिलाधिकारी ने आम लोगों से अफवाहों पर ध्यान नहीं देने की अपील की।
साथ ही अभिभावकों से विशेष अपील करते हुए उन्होंने कहा कि प्रदर्शन में बड़ी संख्या में युवा और छात्र शामिल थे। यदि वे किसी गैर-कानूनी अथवा हिंसक गतिविधि में शामिल पाए जाते हैं तो इसका प्रतिकूल प्रभाव उनके भविष्य पर पड़ सकता है। इसलिए अभिभावक अपने बच्चों को समझाकर सुरक्षित घर लौटने के लिए प्रेरित करें।
कई पदाधिकारी और पुलिसकर्मी घायल
पथराव में बीडीओ समेत कई पुलिसकर्मियों को पत्थर से चोट लगी है जिससे वह घायल हो गए हैं। सभी को सदर अस्पताल में भर्ती कराया गया है।



















